हरिद्वार। देवसंस्कृति विश्वविद्यालय शांतिकुज में सोमवार को 46वां ज्ञान दीक्षा संस्कार समारोह उत्साहपूर्वक सम्पन्न हुआ। समारोह का शुभारंभ प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या व निदेशक डाक सेवाएं श्री दिनेश कुमार मिस्त्री द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।समारोह में बिहार, गुजरात, उत्तराखण्ड, उप्र, मप्र, छत्तीसगढ सहित कई राज्यों व देशों के छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया।समारोह के दौरान अपने वीडियो संदेश में सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री (भारत सरकार) श्री नितिन गडकरी ने कहा भारतीय ऋषि परंपरा में सदैव शिक्षा को श्रेष्ठता के जागरण का मार्ग माना गया है। आत्म उन्नति, चरित्र निर्माण और लोकमंगल की भावना का विकास ही शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि देव संस्कृति विश्वविद्यालय में भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक शिक्षा का अद्भुत समन्वय देखने को मिलता है।यहाँ विद्यार्थियों में योग, यज्ञ, साधना, भारतीय जीवन शैली, पर्यावरण संवेदनशीलता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को जागृत करने का सतत प्रयास किया जा रहा है। केन्द्रीय मंत्री श्री गडकरी ने कहा कि ज्ञानार्जन के साथ-साथ एक उच्च जीवन-दृष्टि अपनाकर हम स्वयं के विकास के साथ देश को भी प्रगति के पथ पर आगे ले जा सकते हैं। नैतिकता, ज्ञान और नम्रता पर आधारित यह जीवन दर्शन ही वास्तविक सफलता का आधार है।
प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पण्ड्या ने कहा कि ज्ञान दीक्षा जीवन में कुछ बड़ा और सार्थक करने का संकल्प है। आज के दौर में युवा केवल अपने भविष्य तक सीमित न रहें, बल्कि समाज और राष्ट्र के नव निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाएं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक युवा को अपनी आंतरिक क्षमताओं को पहचानकर उन्हें लोककल्याण के लिए समर्पित करना चाहिए। समारोह के दौरान विश्वविद्यालय के कुलाधिपति डॉ. प्रणव पण्ड्या वर्चुअल माध्यम से जुड़े और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच डिप्लोमा, स्नातक एवं स्नातकोत्तर के नवप्रवेशी विद्यार्थियों को ज्ञान दीक्षा प्रदान की। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ सेवा, संस्कार और भारतीय संस्कृति के आदर्शों का पालन करने का संकल्प भी दिलाया गया।इसी अवसर पर शांतिकुंज उप डाकघर के स्वर्ण जयंती वर्ष पर भारतीय डाक विभाग ने विशेष पिक्टोरियल स्टैम्प का विमोचन किया। स्टैम्प में युगऋषि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य एवं वंदनीया माता भगवती देवी शर्मा की समाधि का चित्र अंकित किया गया है। यह विशेष स्टैम्प शांतिकुंज के आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रीय योगदान को सम्मानित करने के उद्देश्य से जारी किया गया है। कार्यक्रम में शांतिकुंज व्यवस्थापक योगेंद्र गिरि, कुलसचिव बलदाऊ देवांगन, डाक सेवाओं के निदेशक दिनेश कुमार मिस्त्री, प्रवर अधीक्षक डाकघर सचिन चौबे सहित विश्वविद्यालय के प्राध्यापक, अधिकारी, अभिभावक और दो हजार से अधिक छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
देवसंस्कृति विश्वविद्यालय शांतिकुंज में हुआ 46वां ज्ञान दीक्षा संस्कार समारोह
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